UPS vs OPS vs NPS : unified pension scheme के मुद्दे पर लगातार विपक्ष के सवालों से घिरने वाली केंद्र सरकार ने इसकी बड़ी काट निकलते हुए अब यूनिफाइड पेंशन स्कीम यानी यूपीएस की पेज की है इसी के साथ देश में एक और नई पेंशन व्यवस्था आ गई है । कि यह पुरानी दो पेंशन व्यवस्था है यानी OPS NPS से कैसे अलग है या इनमें क्या समानता है। ब्लॉगर से पैसे कैसे कमाए
उत्तर प्रदेश हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड जैसे राज्यों में विधानसभा चुनाव हुए । करीब 2 साल पहले तक केंद्र सरकार को नई पेंशन स्कीम या नेशनल pension system यानि NPS को लेकर कड़ा विरोध झेलना पड़ा उसके बाद राजस्थान मध्य प्रदेश छत्तीसगढ़ जैसे प्रमुख राज्यों के विधानसभा चुनाव से लेकर 2024 के लोकसभा चुनाव तक इस मुद्दे पर विपक्ष केंद्र सरकार पर हावी रहा । नरेंद्र मोदी के बारे में
ऐसे में हरियाणा झारखंड और महाराष्ट्र एवं बिहार जैसे राज्यों के चुनाओ से पहले सरकार ने इसकी काट की तौर पर unified pension scheme यानी UPS है, आखिर क्यों यह नई पेंशन व्यवस्था इतनी खास है।और कैसे यह पुराने NPS से अलग है। blog post kaise लिखें
UPS vs OPS vs NPS क्या सही क्या गलत
UPS को इस तरह से डिजाइन किया गया है कि इसमें पिछली पुरानी दोनों पेंशन व्यवस्था के गुणों को समाहित करने को कोशिश की गई है। सरकार जब NPS को लेकर विरोध का सामना कर रही थी। तब वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने यह संकेत दिया , कि सरकार NPS में सुधार करके सरकारी कर्मचारियों को एक फिक्स PENSION देने पर विचार कर सकती है और तब यह सरकार UPS लेकर आई है । नोटपैड क्या होता है
सरकार ने जो UPS है । उसमें फिक्स फैशन के साथ-साथ FAIMLY PENSION मिनिमम PENSION ग्रेच्युटी और महंगाई भत्ता जैसे कई लाभ में जोड़े गए हैं चलिए नजर डालते हैं इसके Features में क्या है । google play store update
- इस PENSION SCHEME मैं ग्रेच्युटी के साथ सुपर एनुएशन का पेमेंट भी किया जाएगा सुपर एनुएशन कर्मचारियों को ठीक-ठाक पेमेंट मिले इसके लिए कर्मचारियों के खर्चे महीने की नौकरी पूरी कर लेने के बाद सैलरी और महंगाई भत्ता के 1 से 10 वे हिस्से को ग्रेच्युटी में जोड़ा जाएगा । इस पेमेंट का कर्मचारी के एश्योर्ड PENSION पर असर नहीं आएगा ।
- UPS में सरकारी कर्मचारियों को उसकी नौकरी के आखिरी साल में जो सैलरी मिलेगी , उसे सैलरी के बेसिक औसत 50% के बराबर की एश्योर्ड पेंशन रिटायरमेंट के बाद मिलेगी हालांकि इसका फायदा 25 साल बाद की नौकरी पूरी करने वालों को मिलेगा ।
- अगर आप 10 साल की सरकारी नौकरी करके छोड़ देते हैं तब भी आपको ₹10000 रुपये की एश्योर्ड मिनिमम पेंशन मिलेगी यानी UPS में पेंशन पाने के लिए आपको 10 साल नौकरी करना है अनिवार्य होना चाहिए ।
- UPS में एश्योर्ड FAIMLY PENSION का भी प्रावधान है कर्मचारियों की मृत्यु पर उसके परिवार को तुरंत 60% PENSION दे दी जाएगी ।
- एश्योर्ड PENSION एश्योर्ड मिनिमम PENSION और एश्योर्ड FAIMLY PENSION पर महंगाई भत्ता का लाभ मिलेगा यह All India Consumer Price Index for Industrial Workers के मुताबिक होगा ।
ज्यादा PENSION SCHEME बन जाती है
UPS के लिए कर्मचारियों को अपने बेसिक पे का 10% योगदान देना होगा जब सरकार की ओर से बेसिक का पे 18.5% जमा किया जाएगा । एक SCHEME 1 अप्रैल 2025 से लागू होगा ।
सरकार ने UPS मे NPS की तरह कर्मचारियों के योगदान के विकल्प को भले बरकरार रखा है लेकिन कई ऐसी बातों को जोड़ा है। जिससे यह उसके मुकाबले ज्यादा PENSION SCHEME बन जाती है ।
NPS को लेकर सबसे बड़ा विरोध है ऐसे और पेंशन का नहीं होना था यूपीएस ने इसे दूर कर दिया गया है
NPS कर्मचारियों को अपने बेसिक पे और महंगाई भत्ता के टोटल 10% योगदान करना होता था । जबकि सरकार का योगदान मूल वेतन और महंगाई भत्ते का 14% होता था ।
NPS में रिटायरमेंट के बाद आप जब अपना पैसा वापस निकलते थे , तब 60% रकम टैक्स की होती थी । जबकि 40% रकम पर सैलरी ब्रैकेट के हिसाब से टैक्स देना होता था ।
NPS में एक और समस्या यह था . कि इसमें रेग्युलर पेंशन के लिए आपको 40% रकम से एन्यूनीटी प्लान खरीदना होता था । जबकि आपका जो पूरा रिटायरमेंट कार्पस बनता था । वह मार्केट से मिले रिटर्न के आधार पर तय होता था ।
सरकार ने यूपीएस में ऑफिस के कई बेनिफिट जुड़े हैं लेकिन कुछ बातें यह है जो OPS में यूपीएस से अलग है। ये भी जानिए – UPS Pension किसको किसको देने वाली है सरकार
UPS में आपको एश्योर्ड पेंशन के लिए न्यूनतम 25 साल की सर्विस पूरी करनी होगी ऐसे में अगर रिटायरमेंट की उम्र अगर 60 साल है। तो आपको सरकारी नौकरी में 35 साल की उम्र तक शामिल होना ही होगा नहीं तो आपका PENSION मिनिमम PENSION के हिसाब से एडजस्ट की जाएगी ।
UPS में बड़ा सवाल यह है , कि अनुसूचित जाति जनजाति और ओबीसी को सरकार नौकरी में उम्र को रिलेक्शन मिलता है। कई राज्यों में सरकारी सेवा में शामिल होने की उम्र 40 साल तक है । तो उन्हें ऐसी और एश्योर्ड का लाभ नहीं मिलेगा जबकि OPS में ऐसी कोई शर्त नहीं है । ये भी पढिए – क्या NPS और UPS धोखा है जानिए अहम जानकारी के बारे में
OPS में कर्मचारियों को कोई योगदान नहीं देना होता है , क्योंकि यह पूरी तरह सरकार द्वारा वित्त पोषित होती है। जानिए कंप्युटर में UPS क्या होता है ?
OPS में जहां कर्मचारियों को उसके आखिरी पूरे वेतन का 50% PENSION के तौर पर मिलता है । UPS में कर्मचारियों को उसकी आखिरी सैलरी के 12 महीने के एवरेज बेसिक पे के 50% के बराबर ही एश्योर्ड PENSION के तौर पर मिलता है ।
OPS में PENSION टैक्स FREE होती है , जो UPS में नहीं होगी इसका लाभ फिलहाल सिर्फ उन सरकारी कर्मचारियों को मिल रहा है। जो 1 जनवरी 2004 से पहले नौकरी में शामिल हुए हैं ।
