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Akbar kaun tha in hindi? (मुगल बादशाह अकबर) | how to know about akbar

akbar kaun tha in hindi – अकबर कौन था ? आज हम जानेंगे मुगल बादशाह अकबर के बारे में जहां मैं आपको बताऊंगी अकबर कौन था?अकबर के पिता का नाम, माता का नाम, पुत्र कितने थे? पत्नियां कितनी थी? अकबर को किसने मारा? अकबर और बीरबल की कहानी, अकबर के नवरत्न, यह सभी जानकारी आज मैं आपको बताऊंगी|

Akbar kaun tha in hindi (मुगल बादशाह अकबर)  how to know about akbar

akbar ka janm(अकबर का जन्म) | Why was Akbar important?

तैमूर वंश के मुगल राजा अकबर का जन्म पूर्णिमा के दिन 15 अक्टूबर 1542 में अमरकोट किले में राजस्थान (हाल पाकिस्तान) में हुआ था| पूर्णिमा के दिन जन्म होने के कारण अकबर का नाम बदरुद्दीन मोहम्मद अकबर रखा गया था| बद्र का अर्थ होता है पूर्ण चंद्रमा और अकबर उनके नाम शेख अली अकबर सामी के नाम से रखा गया था| अरबी भाषा में अकबर शब्द का अर्थ “महान” या बड़ा होता है|

akbar ke pita ka naam(अकबर के पिता का नाम)

महान सम्राट अकबर के पिता का नाम इतिहास में आज भी जाना जाता है| के पिता ने दिल्ली के शासन के लिए बहुत ही संघर्ष किया था| अकबर के पिता का नाम हुमायूं है| हुमायूं ने शेरशाह के साथ युद्ध किया था और युद्ध में हारने के बाद हुमायूं 15 साल दिल्ली से दूर रहा इन्हीं 15 सालों में महान सम्राट अकबर का जन्म हुआ था|

हुमायूं कौन था और कितने समय भारत में रहा था

अकबर की माता

अकबर की माता का नाम नवाब हमीदा बानो बेगम साहिबा था| हुमायूं की कितनी बेगम थी उनमें हमीदा बानो बेगम सबसे आगे थे| मतलब हुमायूं की प्रिय पत्नी थी|

Akbar ki kitni biwiyan thi-akbar spouse

akbar wife; अकबर की कितनी पत्नियां थी यह प्रश्न हर एक के मन में उठता है| मैं आपको बता दूं कि अकबर की बहुत सारी पत्नियां थी| माना जाता है कि अकबर की 300 पत्नियां थी| मगर सभी पत्नियों को सही अधिकार नहीं मिले थे| 35 पत्नियों को ही साही अधिकार मिले हुए थे| अकबर की पत्नियों के नाम कुछ इस प्रकार है रुकैया सुल्तान बेगम, सलीमा सुल्तान बेगम, जोधा सुल्तान बेगम, इत्यादि थी|

इनमें से पहली पत्नी रुकैया सुल्तान थी| इसके बाद अकबर ने सलीमा सुल्तान से शादी की थी| मगर सबसे ज्यादा प्रख्यात नाम जोधा अकबर को मिला है जो अजमेर के राजपूत शासक भारमल की पुत्री थी|

जोधा अकबर का इतिहास, जोधा अकबर की शादी की कहानी, जोधा अकबर की शादी कैसे हुई,(जोधा अकबर की कहानी)

जोधा अकबर का इतिहास (akbar ka itihas) और शादी की कहानी आज फिल्म के जरिए लोगों को बहुत पसंद आई है|अकबर मुगल शासक था| हालांकि जोधा बाई हिंदू राजकुमारी थी| जोधाबाई आमेर के राजा भारमल की बेटी थी| एक हिंदू होने के बावजूद अकबर ने जोधा बाई से शादी की थी| कहानी कुछ इस प्रकार है अकबर अजमेर मोइनुद्दीन चिश्ती की कब्र पर नमाज अदा करने के लिए जा रहा था|

तभी रास्ते में बिहारी मलने अकबर से मिलकर उसे बताया कि उसके बड़े भाई सुजा के साथ उसके साले शरीफ दिन मिर्जा की लड़ाई चल रही है| जिसके कारण वह उसे बहुत परेशान कर रहा है|

जोधा से शादी की साजिस :

अकबर की शादी जोधाबाई से होना एक राजनीतिक चाल माना जाता है| क्योंकि जोधाबाई इस शादी के लिए बिल्कुल भी तैयार नहीं थी फिर भी अकबर से शादी करनी पड़ी| उसकी वजह है की शरीफ उद्दीन की मांग थी कि बिहारी मल अपने बेटे और दो भतीजो को उसे सौंप दें| बिहारी मरने उसकी बात मान ली और अपने बेटे एवं दो भतीजे को बंधक के रूप में शरीफुद्दीन को सौंप दिया था|

लेकिन सरीफुद्दीन संतुष्ट नहीं हुआ और बिहारी मल को बर्बाद करना चाहता था| अकबर ने बिहारी मल की बेटी से विवाह करने का प्रस्ताव रखा और कहा कि विवाह के बाद उसका बहनोई शरीफ उद्दीन उन्हें परेशान नहीं करेगा|

इस दौरान 6 फरवरी 1562 को अकबर और जोधा की शादी हुई| यह विवाह बराबरी का बिल्कुल नहीं था क्योंकि जोधाबाई हिंदू थी और अकबर मुस्लिम था| जोधा अकबर की कहानी पर फिल्म भी बन चुकी है| बरनी जोधा से शादी कर ली और शादी के बाद धीरे-धीरे अकबर बहुत परिवर्तन हुआ|

अकबर ने हिंदू और मुस्लिमों में भेदभाव करना छोड़ दिया|विवाह के बाद जोधा का परिवार अकबर के पूरे शासनकाल में उनके परिवार को सेवा प्रदान करता रहा| कहा जाता है कि हिंदू राजकुमारी जोधा से विवाह के बाद अकबर ने खुद को मुस्लिमों का बादशाह घोषित किया था|

akbar ke bete ka naam(अकबर के बेटे का नाम)akbar ke kitne bete the

akbar son: जहां हम ने अकबर के बारे में ,जन्म के बारे में और पत्नियों के बारे में जाना वहां हमें यह भी पता होना चाहिए कि अकबर के बेटे का नाम क्या है? अकबर के कितने बेटे थे?मुगल शासक अकबर के 5 बेटे थे| जिनका नाम सलीम, मुराद, दानियल, हुसैन, और हसन था| पांचो में से अकबर का प्रिय और चाहिता बेटा सलीम था| सलीम को इतिहास में जहांगीर के नाम से जाना जाता है| जहांगीर का अर्थ होता है दुनिया को जितने वाला|

अकबर की बेटियां : अकबर की तीन बेटियां थी| सबसे पहली बेटी का नाम शहजादी खानम, दूसरी बेटी का नाम शकर -उन-निशा बेगम और सबसे छोटी का नाम आराम बानो बेगम था| सभी संतानों में अकबर दानियाल और सलीम से ज्यादा प्रेम करता था|

akbar nine gems-अकबर के नवरत्न


akbar 9 gems: अकबर के शासन काल में अच्छे से काम करने के लिए अकबर सभा बनाई थी| अकबर के दरबार में नवरत्न थे जिसका नाम बीरबल, तानसेन ,अबुल फजल, फैजि, राजा मान सीह, राजा टोडरमल, मुल्ला दो प्याजा और फकीर अजूद्दीन थे|

सबके काम अलग अलग तरीके से दिए गए थे| जिसमें सबसे ज्यादा नाम बीरबल का आता है| कहीं धारावाहिक अकबर और बीरबल के नाम से भी प्रख्यात हुई है|

अबुल फजल ने अकबर के शासन की प्रमुख घटनाओं को कलम बद्ध किया था मतलब कि लिखा है अबुल फजल ने अकबरनामा और आईने अकबरी की रचना की थी| अबुल फजल का जन्म आगरा में हुआ था और सलीम ने हत्या करवाई थी| अबुल फजल ने पंचतंत्र का फारसी में अनुवाद किया था|

फैजी: अबुल फजल के भाई थे चौपाटी में कविता लिखते थे| अकबर ने अपने बेटे को गणित पढ़ाने के लिए भेजी को रखा था| वैसी मध्यकालीन भारत का फारसी कभी भी था| फैंसी ने लीलावती और महाभारत कथा गीता का फारसी में अनुवाद किया था|

तानसेन: तानसेन अकबर के दरबार का संगीतकार था| संगीत सम्राट तानसेन की नगरी ग्वालियर में कहा जाता है कि बच्चे रोते हैं तो सुर में और पत्थर गिरने की आवाज ताल में आती है| तानसेन ने मियां मल्हार राग बनाया था| तानसेन को दीपक राज का बहुत बड़ा ज्ञाता माना जाता था|

बीरबल: बीरबल बहुत ही बुद्धिमान था इसीलिए अकबर का विशेष सलाहकार था| बीरबल कभी भी था| बीरबल नहीं जो कविताएं लिखी है वह भरतपुर संग्रहालय राजस्थान में आज भी है|

राजा टोडरमल: अकबर के राजस्व और वित्त मंत्री थे| उत्तर प्रदेश राज्य के एकमात्र राजस्व प्रशिक्षण संस्थान, हरदोई का नाम उनके नाम परराजा टोडरमल भूलेख प्रशिक्षण संस्थान रखा गया है|

राजा मानसिंह: अकबर की सेना के प्रधान सेनापति महाराजा मानसिंह राजा भारमल के पुत्र थे | और महारानी जोधाबाई के भाई के पुत्र थे जो बहुत ही इमानदार थे|उन्होंने अकबर के आदेश पर अपने पुत्र दुर्जन सिंह को फांसी दे दी थी|

अब्दुल रहीम खान-ऐ -खाना: रही में प्रतिष्ठित कवि थे और अकबर के संरक्षण बैरम खान के बेटे थे अब्दुल रहीम ने नगर शोभा नामक रचना की थी| और बाबरनामा का फारसी में अनुवाद किया था|

हकीम हुक्काम : हकीम अकबर के नीचे चिकित्सक थे| जो अकबर के नवरत्न में एक थे| और अकबर के मित्र भी थे|

मुल्लाह दो प्याजा: मुल्लाह दो प्याजा अकबर के अमात्य थे| मुल्लाह दो प्याजा बात को काटने के लिए काफी प्रसिद्ध थे तथा प्याज खाने के भी शौकीन थे|मुल्लाह दो प्याजा एक रसोईया थे|मुल्लाह दो प्याजा की मजार हरदा मध्य प्रदेश के हरदा जिले के हंडिया तहसील में बनी हुई है जहां मुगल बादशाह के समय यात्रियों के रुकने के लिए सराया बनाया गया था|

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अकबर को किसने हराया था?

अकबर एक हिंदू शासक ने हराया जो अकबर की बड़ी सेना पर भारी पड़ गया था| हिंदू शासक हेमू विक्रमादित्य ने अकबर को उसकी विशाल सेना के साथ हराया था| उसके लिए हेमू विक्रमादित्य का नाम इतिहास में जाना जाता है| महाराणा प्रताप के साथ भी अकबर का युद्ध हुआ था|

akbar ko kisne mara,akbar death placeअकबर को किसने मारा था? अकबर की मृत्यु कहां हुई थी?

ऐसे कहा जाता है कि अकबर को किसी ने नहीं मारा था बल्कि उस पर एक बीमारी का शिकार हो गया था| जिसका इलाज बड़े से बड़े हकीम भी नहीं कर पाए थे|3 अक्टूबर 1605 को अकबर बीमार पड़ गया था| बीमारी का कारण पेचिश बताया जाता है| पेचिश यानी एक तरह का दस्त ही कहा जाएगा|

इसके बाद पेट की बीमारी धीरे-धीरे बहुत ही खतरनाक होती गई| माना जाता है कि अकबर की मृत्यु 27 अक्टूबर 1605 को हुई थी| अकबर अपनी मृत्यु के समय फतेहपुर सिकरी में था| इसी वजह से कहा जाता है कि अकबर की मृत्यु फतेहपुर सिकरी में हुई थी|